पैसुनी नदी के कटान से सहमा अरछा बरेठी, डीएम के निर्देश पर एक्सियन ने किया मुआयना
बस्ती बचाने को ग्रामीणों ने लगाई गुहार, प्रशासन ने मांगी रिपोर्ट
प्रशासन ने परिसर कराया खाली, पुलिस ने शुरू की सघन जांच,
प्रशासन ने परिसर कराया खाली, पुलिस ने शुरू की सघन जांच,
जौनपुर। शहर स्थित दीवानी न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने से मंगलवार को अफरातफरी मच गई। यह धमकी जिला जज की आधिकारिक वेबसाइट पर ई-मेल के माध्यम से प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही न्यायालय परिसर में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में जिला प्रशासन व पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
एहतियातन पूरे न्यायालय परिसर को तत्काल खाली करा लिया गया। सघन तलाशी अभियान चलाया। न्यायालय परिसर के प्रत्येक कक्ष, बार कक्ष तथा आसपास के क्षेत्रों की बारीकी से जांच की गई। जांच के दौरान संदिग्ध वस्तु मिलने की कोई पुष्टि नहीं हुई, हालांकि सुरक्षा के मद्देनजर जांच देर तक जारी रही।
बताया जा रहा है कि पिछले दो दिनों से प्रदेश के विभिन्न जिलों में न्यायालयों को इसी तरह की धमकियां मिल रही हैं, जिससे अधिवक्ताओं में रोष व्याप्त है। अधिवक्ताओं ने इसे न्याय व्यवस्था को अस्थिर करने की साजिश बताते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
नवीनतम न्यूज़ अपडेट्स के लिए Facebook, Instagram, Twitter पर हमें फॉलो करें और लेटेस्ट वीडियोज़ के लिए हमारे YouTube चैनल को भी सब्सक्राइब करें।
बस्ती बचाने को ग्रामीणों ने लगाई गुहार, प्रशासन ने मांगी रिपोर्ट
2= राष्ट्रीय स्तरीय प्रकोष्ठ (कार्य – अधिकार – संरचना) 1. राष्ट्रीय अध्यक्षीय प्रकोष्ठ कार्य: (क) राष्ट्रीय स्तर पर संगठन का सर्वोच्च नेतृत्व। (ख) केंद्र सरकार, राष्ट्रीय संस्थाओं एवं आयोगों से संवाद। (ग) प्रदेश इकाइयों का मार्गदर्शन एवं समन्वय। अधिकार: (क) राष्ट्रीय नीतिगत निर्णय लेना
राष्ट्रीय स्तरीय प्रकोष्ठ (कार्य – अधिकार – संरचना) 1. राष्ट्रीय अध्यक्षीय प्रकोष्ठ कार्य: (क) राष्ट्रीय स्तर पर संगठन का सर्वोच्च नेतृत्व। (ख) केंद्र सरकार, राष्ट्रीय संस्थाओं एवं आयोगों से संवाद। (ग) प्रदेश इकाइयों का मार्गदर्शन एवं समन्वय। अधिकार: (क) राष्ट्रीय नीतिगत निर्णय लेना।
Leave a Comment: