जी.पी.डी. पी.एक दिवसीय प्रशिक्षण प्रथम व द्वितीय बैच में हुआ सम्पन्न।*
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प्राकृतिक संसाधन से स्वरोजगार का मॉडल, 1000 ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा जलकुंभी हस्तशिल्प का प्रशिक्षण
जो जलकुंभी कभी तालाबों और नहरों के लिए समस्या मानी जाती थी, वही अब ग्रामीण महिलाओं के लिए आजीविका और आत्मनिर्भरता का नया रास्ता बन रही है। पीलीभीत जनपद में एपइन्वेंटिव फाउंडेशन के सहयोग से पहल संस्था ने एक अभिनव पहल शुरू की है, जिसके तहत जिले की 1000 महिलाओं को जलकुंभी हस्तशिल्प का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य सिर्फ प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि ग्रामीण महिलाओं को हुनर, आत्मविश्वास और आर्थिक सशक्तिकरण से जोड़ना है। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों का उपयोग कर महिलाएं अब अपने हाथों से ऐसे उत्पाद तैयार करना सीख रही हैं, जिनकी बाजार में अच्छी मांग है।
कार्यक्रम के तहत हाल ही में ग्राम सुखदासपुर और नवदिया में प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। इस शिविर में करीब 100 महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षकों ने महिलाओं को जलकुंभी से बैग, टोकरी, मैट, सजावटी वस्तुएं और अन्य उपयोगी उत्पाद बनाने की तकनीक सिखाई।
प्रशिक्षण के दौरान केवल उत्पाद बनाने की विधि ही नहीं, बल्कि डिजाइन, गुणवत्ता, पैकेजिंग और बाजार तक पहुंच बनाने की भी जानकारी दी गई। इससे महिलाएं अपने उत्पादों को स्थानीय बाजार के साथ-साथ बड़े बाजारों तक भी पहुंचा सकेंगी।
जलकुंभी अक्सर तालाबों और जल स्रोतों में फैलकर पर्यावरणीय समस्या बन जाती है। लेकिन इस पहल ने उसी समस्या को आजीविका के अवसर में बदलने का रास्ता दिखाया है। जलकुंभी से बने उत्पाद पर्यावरण के अनुकूल होने के साथ-साथ हस्तशिल्प बाजार में भी तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं।
ग्रामीण महिलाओं ने इस प्रशिक्षण को अपने जीवन में नई उम्मीद और बदलाव की शुरुआत बताया। उनका कहना है कि यदि उन्हें बाजार और निरंतर मार्गदर्शन मिलता रहा, तो वे इस हुनर के जरिए परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत कर सकती हैं।
पहल संस्था का लक्ष्य जिले के विभिन्न गांवों में चरणबद्ध तरीके से 1000 महिलाओं को प्रशिक्षित कर उन्हें स्वरोजगार से जोड़ना है। संस्था का मानना है कि यह मॉडल न केवल महिलाओं की आय बढ़ाएगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देगा।
पहल संस्था का जलकुंभी से हस्तशिल्प बनाने की यह पहल केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि ग्रामीण महिलाओं के सपनों को साकार करने की दिशा में एक मजबूत कदम बनकर उभर रही है।
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