कानूनी कारण बताओ नोटिस प्रेषक (अधिवक्ता के माध्यम से): रेखारानी, एडवोकेट माननीय उच्च न्यायालय, लखनऊ खंडपीठ की ओर से: राजेश कुमार सिद्धार्थ मैनेजिंग डायरेक्टर / संपादक अब तक इंडिया लाइव न्यूज़ चैनल एवं राष्ट्रीय हिंदी अब तक न्याय समाचार पत्र प्रति: श्री नीरज कुमार वर्मा निवासी/जनपद – बहराइच


कानूनी कारण बताओ नोटिस
प्रेषक (अधिवक्ता के माध्यम से):
रेखारानी, एडवोकेट
माननीय उच्च न्यायालय, लखनऊ खंडपीठ
की ओर से:
राजेश कुमार सिद्धार्थ
मैनेजिंग डायरेक्टर / संपादक
अब तक इंडिया लाइव न्यूज़ चैनल
एवं
राष्ट्रीय हिंदी अब तक न्याय समाचार पत्र
प्रति:
श्री नीरज कुमार वर्मा
निवासी/जनपद – बहराइच
दिनांक: 05 फ़रवरी 2026
विषय: सोशल मीडिया/अन्य माध्यमों पर झूठे, भ्रामक एवं मानहानिकारक समाचार प्रसारित करने के संबंध में कानूनी कारण बताओ नोटिस।
महोदय,
मेरे मुवक्किल राजेश कुमार सिद्धार्थ, मैनेजिंग डायरेक्टर/संपादक अब तक इंडिया लाइव न्यूज़ चैनल एवं राष्ट्रीय हिंदी अब तक न्याय समाचार पत्र की ओर से यह नोटिस आपको प्रेषित किया जा रहा है।
यह संज्ञान में आया है कि आपके द्वारा सोशल मीडिया एवं अन्य सार्वजनिक माध्यमों पर तथाकथित “ब्रेकिंग न्यूज़” के माध्यम से मेरे मुवक्किल एवं उनके संस्थान के विरुद्ध प्रेस आईडी कार्ड के नाम पर धन उगाही जैसे असत्य, निराधार एवं भ्रामक आरोप लगाए गए हैं। उक्त आरोपों का कोई भी वैधानिक अथवा तथ्यात्मक आधार नहीं है।
आपके द्वारा बिना किसी सक्षम प्राधिकारी की जाँच, प्रमाण अथवा सत्यापन के इस प्रकार की सामग्री प्रसारित करना मानहानि, झूठा आरोप, अफ़वाह फैलाने एवं प्रतिष्ठा को क्षति पहुँचाने की श्रेणी में आता है, जिससे मेरे मुवक्किल की सामाजिक, व्यावसायिक एवं व्यक्तिगत प्रतिष्ठा को गंभीर नुकसान पहुँचा है।
अतः आपको इस नोटिस के माध्यम से निर्देशित किया जाता है कि नोटिस की प्राप्ति के 07 (सात) दिवस के भीतर—
मेरे मुवक्किल एवं उनके संस्थान के विरुद्ध प्रसारित समस्त आपत्तिजनक/भ्रामक सामग्री को सभी सोशल मीडिया व अन्य प्लेटफॉर्म से तत्काल हटाएँ।
सार्वजनिक रूप से स्पष्ट खंडन करते हुए बिना शर्त लिखित माफ़ी प्रस्तुत करें।
यह स्पष्ट करें कि उक्त सामग्री किन तथ्यों एवं आधारों पर प्रसारित की गई।
निर्धारित अवधि में संतोषजनक उत्तर न प्राप्त होने की स्थिति में मेरे मुवक्किल आपके विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत मानहानि एवं अन्य विधिक कार्यवाही प्रारंभ करने हेतु स्वतंत्र होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी आपकी स्वयं की होगी।
यह नोटिस आपको अंतिम अवसर प्रदान करते हुए भेजा जा रहा है।
भवदीय,
रेखारानी
एडवोकेट
माननीय उच्च न्यायालय
लखनऊ खंडपीठ
संपर्क (मुवक्किल):
राजेश कुमार सिद्धार्थ
मोबाइल: 9454 32 52 36, 79050 26393

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