महराजगंज


 जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बृहस्पतिवार को तड़के करीब तीन बजे पेट दर्द की शिकायत लेकर आई किशोरी सिंदुरिया थाना क्षेत्र के एक गांव की किशोरी (15) ने टॉयलेट में ही एक नवजात को जन्म दे दिया। उसकी मां ने नवजात को अस्पताल परिसर से सटे ट्रामा सेंटर के सामने वाली नाली में फेंक दिया। आसपास मौजूद लोगों ने महिला को ऐसा करते देख लिया, जिससे बच्ची को वहां से उठाकर अस्पताल में भर्ती करा दिया गया। सदर कोतवाली और सिंदुरिया थाना पुलिस संयुक्त रूप से मामले की जांच कर रही है। मां-बेटी मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं।जानकारी के अनुसार, किशोरी अपनी मां के साथ रात में पेट में तेज दर्द की शिकायत लेकर जिला अस्पताल पहुंची थी। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने उसे दर्द निवारक इंजेक्शन लगाया और आराम करने को कहा। कुछ देर बाद किशोरी ने बाथरूम जाने की इजाजत मांगी। शौचालय में पहुंचते ही उसने एक बच्चे को जन्म दे दिया। प्रसव के बाद किशोरी बाहर आई तो मां को इसकी भनक लग गई। मां ने तुरंत नवजात को झोले में रखा और चुपके से अस्पताल परिसर से बाहर ले जाकर नाली में फेंकने की कोशिश की।
आसपास मौजूद लोगों ने महिला को झोला नाली की ओर ले जाते देख लिया। जैसे ही झोले से बच्चे की रोने की आवाज आई, लोगों ने महिला से झोला छीनकर नवजात को बाहर निकाला और कलक्ट्रेट पुलिस चौकी को घटना की सूचना दी।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नवजात को एसएनसीयू वार्ड में भर्ती कराया, उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। चिकित्सकों के अनुसार बच्चे की स्थिति बेहद नाजुक है और सांस लेने में उसे गंभीर परेशानी हो रही है।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एके द्विवेदी ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस को अवगत करा दिया गया था। सदर कोतवाली और सिंदुरिया थाना पुलिस संयुक्त रूप से मामले की जांच कर रही है। किशोरी और उसकी मां से पूछताछ की जा रही है लेकिन दोनों चुप्पी साधे हुए हैं। सिंदुरिया थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने कहा कि तहरीर मिलने पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।

नवीनतम न्यूज़ अपडेट्स के लिए Facebook, Instagram, Twitter पर हमें फॉलो करें और लेटेस्ट वीडियोज़ के लिए हमारे YouTube चैनल को भी सब्सक्राइब करें।


Leave a Comment:

महत्वपूर्ण सूचना -

भारत सरकार की नई आईटी पॉलिसी के तहत किसी भी विषय/ व्यक्ति विशेष, समुदाय, धर्म तथा देश के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी दंडनीय अपराध है। इस प्रकार की टिप्पणी पर कानूनी कार्रवाई (सजा या अर्थदंड अथवा दोनों) का प्रावधान है। अत: इस फोरम में भेजे गए किसी भी टिप्पणी की जिम्मेदारी पूर्णत: लेखक की होगी।