नव रात्रि की शुभ संध्या के अवसर पर मां दुर्गा के भक्तों के द्वारा निकाली गई शोभा यात्रा।
नव रात्रि की शुभ संध्या के अवसर पर मां दुर्गा के भक्तों के द्वारा निकाली गई शोभा यात्रा।
रावण अधर्म का प्रतीक था, पापी था, लेकिन ज्ञानी भी था
आज विजयादशमी है। राम ने रावण को मारकर धरती को उसके अत्याचार से मुक्त कराया था। रावण अधर्म का प्रतीक था, पापी था, लेकिन ज्ञानी भी था। जिस तरह हम भगवान राम के जीवन की घटनाओं से सीखते हैं कि हमें अपनी जिंदगी में क्या करना चाहिेए, वैसे ही रावण का जीवन सिखाता है कि हमें क्या-क्या नहीं करना चाहिए।
तो आज दशानन रावण के जीवन की 5 कहानियों से सीखें कि क्या गलतियां हमें नहीं करनी चाहिए।
नवीनतम न्यूज़ अपडेट्स के लिए Facebook, Instagram, Twitter पर हमें फॉलो करें और लेटेस्ट वीडियोज़ के लिए हमारे YouTube चैनल को भी सब्सक्राइब करें।
नव रात्रि की शुभ संध्या के अवसर पर मां दुर्गा के भक्तों के द्वारा निकाली गई शोभा यात्रा।
जनपद सीतापुर युवक की धारदार हथियार से हत्या मचा हड़कम्प
जौनपुर जनपद के मड़ियाहूं नगर में कोतवाली के ठीक सामने श्री दुर्गा पूजा महासमिति मड़ियाहूं द्वारा दुर्गा विसर्जन के दौरान स्टाल लगाकर विसर्जन करने वाले लोगों को जलपान कराया गयाl
Leave a Comment: