अमेरिका में फलस्तीन समर्थकों के विरोध प्रदर्शन पर पुलिस सख्त एक्शन ले रही है। पुलिस के एक्शन की वजह से अब छात्रों के तंबू उखड़ने लगे हैं। अब तक पुलिस ने विरोध प्रदर्शन में शामिल 2600 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया है।


शिकागो: अमेरिका में छात्र इजराइल के विरोध में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। इन प्रदर्शनों को लेकर अब पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी सख्त रुख अपना लिया है। इसी क्रम में वाशिंगटन डीसी में जॉर्ज वाशिंगटन विश्वविद्यालय में पुलिस ने बुधवार तड़के फलस्तीन समर्थक प्रदर्शनकारियों के तंबुओं को हटाना शुरू कर दिया है। छात्रों की ओर से संचालित समाचार पत्र ‘जीडब्ल्यू हैचेट’ की खबर के अनुसार अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को तड़के आगे नहीं बढ़ने की तीसरी और अंतिम चेतावनी दी। चेतावनी के बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। 

 

'नियमों का हो रहा उल्लंघन' 

विश्वविद्यालय के अधिकारियों ने अहम कदम उठाते हुए प्रदर्शन में शामिल छात्रों को निलंबित करने की चेतावनी दी थी। विश्वविद्यालय ने एक बयान में कहा कि विश्वविद्यालय छात्रों की स्वतंत्र अभिव्यक्ति के अधिकारों की रक्षा करने के लिए प्रतिबद्ध है लेकिन यह स्थान एक गैरकानूनी गतिविधि बन गया है, जहां कानून एवं नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। वाशिंगटन विश्वविद्यालय से पहले शिकागो विश्वविद्यालय में मंगलवार को पुलिस ने फलस्तीन समर्थक प्रदर्शनकारियों के एक तंबू को हटा दिया था। 

2600 से अधिक लोग गिरफ्तार 

अमेरिका के विश्वविद्यालयों में प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव बढ़ रहा है। तीन सप्ताह पहले कोलंबिया विश्वविद्यालय में एक अभियान शुरू होने के साथ विश्वविद्यालयों में विरोध प्रदर्शनों की शुरुआत हुई थी। कुछ महाविद्यालयों ने इजराइल-हमास युद्ध के खिलाफ हुए प्रदर्शनों पर तत्काल कार्रवाई की थी। हालांकि, अब तक प्रदर्शनों की अनुमति देने वाले कुछ विश्वविद्यालयों का धैर्य टूट गया और उन्हें पुलिस कार्रवाई का सहारा लेना पड़ा।  18 अप्रैल से अब तक 50 विश्वविद्यालय परिसरों में 2600 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

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